पूरे देश में ब्रह्मा जी का एक मात्र मंदिर पुष्कर में ही है। यहीं भगवान ब्रह्मा की पूजा होती है। यहां की खूबसूरत झील में स्नान करने के बाद भक्त लोग ब्रह्मा जी की पूजा करने मंदिर पहुंचते हैं। धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक भगवान ब्रह्मा के पुष्प से इस सरोवर का निर्माण हुआ था, इसलिए इसका नाम पुष्कर है।पुष्कर मेले में पूरी दुनिया से सैलानी पहुंचते है। यहां का मशहूर ऊंटों का दौड़ भी आकर्षक होता है। ऊंट को रेगिस्तान का जहाज बोला जाता है। यहां इन जहाजों के बीच कॉम्पिटिशन होती है। ऊंट के अलावा कई अच्छे नश्ल के घोडों की भी पुष्कर मेले में बिक्री होती है। एक झलक देखिए…
